बलिया पुलिस की जनसुनवाई व्यवस्था में बड़ा बदलाव, अब पर्ची सिस्टम से होगी शिकायतों की निगरानी


फरियादियों को मिलेगी टोकन पर्ची, सभी अधिकारी अपने कार्यालयों में सुनेंगे जनता की समस्याएं

बलिया। जनशिकायतों के त्वरित, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के साथ ही जनसुनवाई व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए बलिया पुलिस ने नई पहल शुरू की है। पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा के निर्देशन में पुलिस कार्यालय में आयोजित होने वाली दैनिक जनसुनवाई (आईजीआरएस) के साथ ही थानों और चौकियों पर आने वाले फरियादियों की सुविधा के लिए ‘पर्ची सिस्टम’ लागू किया गया है। इस नई व्यवस्था का उद्देश्य पीड़ितों को अपनी शिकायत लेकर इधर-उधर भटकने से बचाना, उनकी समस्याओं को सीधे जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुंचाना और प्रत्येक प्रकरण के निस्तारण की समयबद्ध निगरानी सुनिश्चित करना है।

नई व्यवस्था के तहत पुलिस कार्यालय में आने वाले प्रत्येक फरियादी के प्रार्थना पत्र का पूरा विवरण दर्ज किया जाएगा। इसके बाद फरियादी को एक पर्ची यानी टोकन दिया जाएगा, जिससे उसकी शिकायत का विवरण व्यवस्थित रूप से दर्ज रहेगा। वहीं, फरियादी के नाम, पते, संबंधित थाने और समस्या के विवरण वाली दूसरी पर्ची मूल प्रार्थना पत्र के साथ संलग्न कर संबंधित पुलिस अधिकारी के पास भेजी जाएगी। इससे शिकायत किस अधिकारी के पास पहुंची है और उसके निस्तारण की प्रक्रिया किस स्तर पर है, इसकी निगरानी करने में सहूलियत होगी। पुलिस का मानना है कि इस व्यवस्था से शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता बढ़ेगी और फरियादियों को अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।

पुलिस अधीक्षक ने जनसुनवाई व्यवस्था को अधिक सुलभ बनाने के लिए अधिकारियों की जिम्मेदारी भी निर्धारित की है। इसके तहत जनपद के सभी थानों के साथ ही सभी सर्किल के क्षेत्राधिकारी, अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी एवं दक्षिणी तथा अन्य राजपत्रित अधिकारी अपने-अपने निर्धारित कार्यालयों में तय समय पर उपस्थित रहकर आमजन की शिकायतें सुनेंगे। इससे लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे और संबंधित अधिकारी के समक्ष सीधे अपनी बात रखने का अवसर मिलेगा।

वहीं, विवेचना से संबंधित शिकायतों के मामलों में संबंधित उच्चाधिकारियों से जांच कराई जाएगी, ताकि प्रकरणों की निष्पक्ष समीक्षा हो सके और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। नई जनसुनवाई प्रणाली के माध्यम से शिकायतों की निगरानी को अधिक व्यवस्थित बनाने के साथ ही अधिकारियों की जवाबदेही भी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है।

पुलिस की इस पहल का प्रमुख उद्देश्य जनसुनवाई प्रक्रिया में बिचौलियों की भूमिका समाप्त करना, आम नागरिकों का पुलिस व्यवस्था पर विश्वास मजबूत करना और प्रत्येक शिकायत का निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कराना है। पर्ची सिस्टम लागू होने से शिकायतों का रिकॉर्ड व्यवस्थित रखने और उनके निस्तारण की प्रगति पर नजर बनाए रखने में मदद मिलेगी। पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा के निर्देशन में शुरू की गई इस व्यवस्था को जनसमस्याओं के समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।