डीआईजी आजमगढ़ परिक्षेत्र ने बलिया में की मिशन शक्ति–5.0 की व्यापक समीक्षा


महिला अपराधों पर सख्ती, जागरूकता कार्यक्रम बढ़ाने व उत्कृष्ट कार्य करने वालों को नगद पुरस्कार

बलिया। पुलिस उपमहानिरीक्षक, आजमगढ़ परिक्षेत्र, आजमगढ़ श्री सुनील कुमार सिंह महोदय के जनपद बलिया आगमन पर शुक्रवार को पुलिस लाइन में सलामी गार्द द्वारा उन्हें सम्मानपूर्वक सलामी दी गई, जिसे डीआईजी महोदय ने स्वीकार किया। इसके पश्चात आर.डी. त्रिपाठी हाल में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित “मिशन शक्ति–5.0” के अंतर्गत महिला अपराधों की रोकथाम, पीड़िताओं को त्वरित न्याय तथा महिला अधिकारों के प्रति जनजागरूकता को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई।


बैठक में डीआईजी महोदय ने जनपद के समस्त पुलिस अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि महिला संबंधित अपराधों पर जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में त्वरित, निष्पक्ष और सशक्त कार्रवाई करते हुए लंबित विवेचनाओं को शीघ्र पूर्ण कर न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया जाए, ताकि प्रभावी पैरवी के माध्यम से अभियुक्तों को जल्द से जल्द सजा दिलाई जा सके।


डीआईजी महोदय ने मिशन शक्ति–5.0 के तहत ग्रामों एवं वार्डों में मिशन शक्ति केंद्रों के माध्यम से महिला अधिकारों, सुरक्षा उपायों, विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों एवं कानूनों की जानकारी देने के लिए व्यापक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने महिला अपराधों की रोकथाम हेतु एंटी रोमियो स्क्वॉड, महिला बीट प्रणाली और महिला हेल्प डेस्क को और अधिक सक्रिय बनाने पर जोर दिया।


समीक्षा के दौरान डीआईजी महोदय ने महिला हेल्प डेस्क प्रार्थना पत्र रजिस्टर, काउंसलिंग रजिस्टर, एंटी रोमियो स्क्वॉड रजिस्टर, महिला बीट रजिस्टर, निरीक्षण पुस्तिका, एफआईआर रजिस्टर, निरोधात्मक कार्रवाई रजिस्टर तथा फीडबैक/फॉलोअप रजिस्टर की गहन समीक्षा करते हुए इन सभी अभिलेखों को अद्यतन एवं प्रभावी बनाए रखने के निर्देश दिए।


मिशन शक्ति–5.0 के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने पर डीआईजी महोदय द्वारा उप निरीक्षक श्री राम कुमार यादव (थाना नगरा), महिला सिपाही सुषमा यादव (थाना नगरा) एवं महिला सिपाही मांसी कुमारी (थाना सिकंदरपुर) को नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उन्होंने सभी पुलिसकर्मियों को प्रेरित करते हुए कहा कि समर्पित सेवा, संवेदनशीलता और कर्तव्यनिष्ठा ही पुलिस की असली पहचान है।


इसके अतिरिक्त डीआईजी महोदय ने जनपद में सक्रिय माफियाओं के विरुद्ध कठोर कार्रवाई जारी रखने, थानों एवं कार्यालयों में फरियाद लेकर आने वाली जनता के साथ शालीन व संवेदनशील व्यवहार करने तथा प्राप्त प्रार्थना पत्रों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी थानों व कार्यालयों में स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने पर भी जोर दिया।

समीक्षा बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी श्री कृपा शंकर, अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी श्री दिनेश कुमार शुक्ल, समस्त क्षेत्राधिकारी, प्रतिसार निरीक्षक श्री राम बेलास, जनपद के सभी थाना प्रभारी निरीक्षक, शाखा प्रभारी एवं अन्य अधिकारी/कर्मचारीगण उपस्थित रहे।